दिल्ली में यमुना खतरे के निशान से दो मीटर से ज्यादा ऊपर, लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने में जुटा प्रशासन
दिल्ली के पर्यावरण मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा ने गुरुवार को कहा कि हमने सारे इंतजाम कर लिए हैं और यमुना के जलस्तर पर नजर बनाए हुए हैं। कई वर्षों बाद इतना पानी आया है, लोहे के पुल तक पानी आ गया है। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता और बाढ़ नियंत्रण एवं सिंचाई मंत्री प्रवेश साहिब सिंह लगातार इसकी समीक्षा कर रहे हैं। हथिनी कुंड से छोड़े जा रहे पानी को लेकर मुख्यमंत्री ने हरियाणा के मुख्यमंत्री से भी बात की है। हमें उम्मीद है कि अगर बारिश रुक गई, बारिश का पानी जलग्रहण क्षेत्र तक नहीं पहुंचा, तो स्थिति नियंत्रण में है और नियंत्रण में ही रहेगी।
इस बीच दिल्ली मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन ने गुरुवार को एक्स पोस्ट में कहा कि यमुना नदी के बढ़ते जलस्तर के कारण, यमुना बैंक मेट्रो स्टेशन तक जाने वाला संपर्क मार्ग फिलहाल दुर्गम है। कृपया अपनी यात्रा की योजना उसी के अनुसार बनाएं और वैकल्पिक मार्गों पर विचार करें। यमुना बैंक मेट्रो स्टेशन चालू है और इंटरचेंज सुविधा भी उपलब्ध है।
कश्मीरी गेट आईएसबीटी के आसपास बुधवार को पानी भरने और जाम की वजह से लोगों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा। कश्मीरी गेट के आसपास बुधवार देर रात तक काफी भीड़ दिखी और सैकड़ों की संख्या में लोग पैदल ही कश्मीरी गेट से शास्त्री पार्क की ओर जाते दिखाई दिए। ऑटो रिक्शा और ई-रिक्शा चालकों ने सवारियों से दोगुने और चौगुनी पैसे वसूले। गुरुवार को भी कश्मीरी गेट आईएसबीटी के सामने वाली सड़क पर पानी भरा हुआ है, जिससे वाहनों की गति धीमी रही। खजूरी से लेकर शास्त्री पार्क तक दिल्ली देहारदून एक्सप्रेसवे के नीचे यमुना किनारे बसे लोग अपने पशुओं को खुद टेंट बनाकर रख रहे हैं। इन लोगों ने अपने पशुओं को सड़क के दोनों ओर बांधा है, जिसकी वजह से यहां जाम की स्थिति बनी हुई है। प्रशासन के लोग भी टेंट और राहत सामग्री पहुंचने में जुटे दिखाई दिए।

