Haryana

एसवाईएल पर बैठक करके लोगों को गुमराह कर रही हरियाणा व पंजाब सरकार: भूपेन्द्र सिंह हुड्डा

रोहतक, 27 जनवरी । पूर्व मुख्यमंत्री एवं नेता प्रतिपक्ष भूपेन्द्र सिंह हुड्डा ने एसवाईएल के मुद्दे को लेकर हरियाणा के सीएम व पंजाब सीएम द्वारा वार्तालाप करने को लेकर प्रतिक्रिया दी और कहा कि हरियाणा व पंजाब सरकार का वार्तालाप करना बेमायने है। लोगों को बहकाने का काम किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि 2002 में सु्प्रीम कोर्ट में फैसला हो चुका था।

पूर्व सीएम भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने कहा कि 2016 में सुप्रीम कोर्ट का फैसला आ गया। उस समय तत्कालीन सीएम मनोहर लाल ने सभी पार्टियों के साथ मीटिंग की और मिलकर निर्णय लिया कि राष्ट्रपति व पीएम से मिलेंगे। राष्ट्रपति से मिले थे और पीएम से मिलाने की जिम्मेदारी मनोहर लाल की थी, जो आज तक नहीं मिल पाए। उन्होंने कहा कि मीटिंग में गृहमंत्री राजनाथ सिंह आए थे और उस गृहमंत्री से सवाल किया कि इसमें क्या हो सकता है। उस समय निर्णय लिया कि सुप्रीम कोर्ट ने आदेश दे दिया है और एसवाईएल नहर खुदनी चाहिए। जब फैसला हो चुका है तो अब वार्ता करने का क्या मतलब है।

पूर्व सीएम भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने कहा कि एसवाईएल मामले में पंजाब सरकार पर कोर्ट की अवमानना का केस करना चाहिए। पंजाब सरकार सुप्रीम कोर्ट के आदेश नहीं मान रही। जब सुप्रीम के निर्णय को भी पंजाब नहीं मान रहा तो किसकी मानेगा। उन्होंने कहा कि हरियाणा व केन्द्र में भाजपा की सरकार है, इसे लागू होना चाहिए। उन्होंने कहा कि नौ साल में भाजपा ने क्या कर लिया। सरकार की नीयत सही नहीं है। पूर्व सीएम भूपेन्द्र सिंह हुड्डा डी पार्क स्थित आवास पर पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे।

सरकार द्वारा बजट को लेकर विपक्ष से सुझाव मांगने को लेकर भी पूर्व सीएम भूपेन्द्र सिंह हुड्डा ने प्रतिक्रिया दी और कहा कि बजट को लेकर सरकार ने सुझाव मांगे है लेकिन सुझाव नहीं देंगे बल्कि विधानसभा में सीधे सवाल पूछेंगे। पहले जब भी सुझाव दिए है, विधानसभा में उन पर कोई बातचीत नहीं करते। इसलिए सरकार की मीटिंग में कोई भी कांग्रेस विधायक नहीं जाएगा। विफलताओं को छुपाने के लिए सरकार मीटिंग बुलाती है। पूर्व सीएम हुड्डा ने कहा कि इनेलो तो भाजपा की बी टीम है। पहले कांग्रेस कह रही थी और अब तो खुद भाजपा के नेता बोल रहे हैं। हरियाणा में आज घोटालों की सरकार चल रही है। रोजाना नए नए घोटाले उजागर हो रहे है। इस अवसर पर विधायक बीबी बतरा, शंकुतला खटक, पूर्व मंत्री आनंद सिंह दांगी, सुभाष बतरा, बलवान सिंह रंगा, कुलदीप केडी प्रमुख रूप से मौजूद रहे।