राष्ट्रीय लोक अदालत में लम्बित व प्री-लिटिगेशन प्रकरणों का हुआ समाधान
जोधपुर, 14 मार्च । राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, जयपुर के निर्देशानुसार अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, पूरण कुमार शर्मा (जिला एवं सेशन न्यायाधीश), जोधपुर जिला के निर्देशन में शनिवार को जोधपुर जिला न्यायक्षेत्र में राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया गया। जिसमें जोधपुर जिला न्यायक्षेत्र के राजीनामा योग्य समस्त प्रकृति के लम्बित प्रकरण, प्री-लिटिगेशन प्रकरण एवं राजस्व मामलों से सम्बन्धित मुकदमों का निस्तारण किया गया।
जिला मुख्यालय जोधपुर जिला पर 03 और तालुकाओं में उपखण्ड न्यायालयों सहित कुल 08 बैंचों का गठन किया गया। जिला मुख्यालय पर स्थित न्यायालयों में लम्बित राजीनामे योग्य प्रकरणों के निस्तारण के लिए पूरण कुमार शर्मा, अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण (जिला एवं सेशन न्यायाधीश), जोधपुर जिला, डॉ. मनीष हरजाई, सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण (अपर जिला एवं सेशन न्यायाधीश), जोधपुर जिला तथा आदित्य, सिविल न्यायाधीश एवं न्यायिक मजिस्ट्रेट, जोधपुर जिला की अध्यक्षता में बैंचों का गठन किया गया, जिसमें बैंच के सदस्य के रूप में अधिवक्ता भानुप्रकाश दाधीच, रामप्रकाश प्रजापत एवं जुगल किशोर उपस्थित रहे।
पूरण कुमार शर्मा की अध्यक्षता में गठित बैंच में जनोपयोगी सेवाओं से सम्बन्धित स्थाई लोक अदालत, जोधपुर जिला के प्रकरणों को भी निस्तारण के लिए सम्मिलित किया गया। इन सभी बैंचों द्वारा पक्षकारों को लोक अदालत में प्रकरणों के निस्तारण से होने वाले लाभ बताते हुए समझाईश की गई व प्रकरणों का निस्तारण राजीनामें से किया गया।
डॉ. हरजाई ने बताया कि लोक अदालत में पक्षकारों को शीघ्र व सुलभ न्याय मिलता है। लोक अदालत में होने वाले राजीनामें की कोई अपील नहीं होती व सिविल कोर्ट के आदेश की तरह पालना होती है। उक्त राष्ट्रीय लोक अदालत में अधिवक्तागण, पक्षकारगण, कर्मचारीगण एवं सभी बैंकों के वरिष्ठ अधिकारीगण द्वारा अपनी सकारात्मक भागीदारी दर्ज करवाते हुए राजीनामे से प्रकरणों का निस्तारण करवाने हेतु सहयोग प्रदान किया गया।
इस राष्ट्रीय लोक अदालत में जोधपुर जिला न्यायक्षेत्र के समस्त न्यायालयों में लम्बित, प्री-लिटिगेशन एवं सिविल, फौजदारी व राजस्व न्यायालयों के प्रकरणों को रैफर कर निस्तारण किया गया।

