Rajasthan

संसद में बोले रावत, उदयपुर की नदियों को जोड़ने की जरूरत

डॉ. रावत ने कहा कि उदयपुर क्षेत्र पर्यावरणीय दृष्टि से अत्यंत अनुकूल है, जहां औसतन 90 सेंटीमीटर से अधिक वर्षा होती है। यहां की अनुपयोगी राजकीय चारागाह और वनभूमि पर आम, चीकू, गोंदी, करौंदा जैसे बहुउपयोगी वृक्षों का रोपण किया जा सकता है। इससे हरित आच्छादन और जैव विविधता को बढ़ावा मिलेगा।

उन्होंने कहा कि लघु वन उपज के माध्यम से जनजातीय समुदाय को रोजगार और आय के नए अवसर मिलेंगे, जिससे उनकी आजीविका सशक्त होगी। उन्होंने सरकार से आग्रह किया कि उदयपुर क्षेत्र के लिए जल, वन एवं पर्यावरणीय संतुलन पर आधारित विशेष एकीकृत योजना बनाई जाए।

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