फसल बीमा को लेकर कांग्रेस के आरोपों पर भाजपा का पलटवार, कहा- किसान हितैषी बनने का ढोंग न करे, अपने काम बताए
प्रदेश प्रवक्ता सिसौदिया ने मंगलवार काे अपने बयान में कहा कि कांग्रेस पार्टी सिर्फ राजनीतिक लाभ के लिए किसानों का उपयोग करना जानती हैं। उसके लिए किसान राजनीति के औजार या वोट बैंक से ज्यादा कुछ नहीं है। यही वजह है कि देश और प्रदेश में कांग्रेस की सरकारों ने किसानों की बेहतरी के लिए कोई कदम नहीं उठाए। पूर्व प्रधानमंत्री अटलबिहारी वाजपेयी की सरकार ने जो ग्राम सड़क योजना शुरू की थी, उसके फलस्वरूप किसान आज आसानी से अपनी उपज को बाजार तक पहुंचा पा रहे हैं। किसानों को उनकी उपज का लाभदायक मूल्य दिलाने के लिए स्वामीनाथन कमेटी की रिपोर्ट को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार ने लागू किया और उन्हीं की पहल पर प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना लागू की गई। अंतर्राष्ट्रीय दबाव के बावजूद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार किसानों, पशुपालकों और मत्स्य उत्पादकों के हित को देखते हुए कोई समझौता नहीं किया है। कांग्रेस ने अपने दशकों के शासन में किसान हित में ऐसा कोई काम किया हो तो बताए।
कांग्रेस के झूठे वादों ने किसानों को डिफाल्टर बना दिया था
राजपाल सिंह सिसौदिया ने कहा कि कांग्रेस की 15 महीनों की सरकार के मुख्यमंत्री कमलनाथ तो फसलों को हुए नुकसान के समय किसानों को ढांढस बंधाने के लिए उनके खेतों तक पहुंचना भी जरूरी नहीं मानते थे। यही नहीं, बल्कि कांग्रेस पार्टी ने तो विधानसभा चुनाव के समय झूठे वादे करके किसानों को कर्ज के जाल में फंसा दिया था, जिससे भारतीय जनता पार्टी की तत्कालीन मुख्यमंत्री शिवराजसिंह चौहान के नेतृत्व वाली सरकार ने उन्हें मुक्ति दिलाई थी। उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी को किसानों को लेकर अनर्गल बयानबाजी करने की बजाय अपने गिरेबान में झांकना चाहिए कि अगर उसकी सरकारों ने किसानों के हित में सोचा होता, तो आज देश-प्रदेश के अन्नदाता की स्थिति कुछ और होती।

