Himachal Pradesh

मंडी-सुुकेत में हर्षोल्लास से मनाया गया भैयादूज यम द्वितीया पर्व

बहन ने भाई को तिलक लगाने के बाद आरती उतारी ।फिर भाई को, बर्फी, लड्डू आदि पारंपरिक मिठाई खिलाई। भाई ने अपनी बहन को सुख-समृद्धि के प्रतीक उपहार, नगद राशि प्रदान कर चरण स्पर्श कर आशीर्वाद प्राप्त किया। इस दिन यमराज और उनकी बहन यमुना की कथा भी सुनाई गई।

सुकेत संस्कृति साहित्य और जन-कल्याण मंच पांगणा-सुुकेत के अध्यक्ष डाॅक्टर हिमेंद्र बाली का कहना है कि इसी दिन सूर्य पुत्र धर्मराज यम अपनी बहन से मिलने आए थे और उन्होंने बहन को वचन दिया कि इस दिन जो भी भाई अपनी बहन से तिलक करवाएगा, उसकी आयु लंबी होगी। वेदों में यम-यमी का संवाद तथा यम सुक्त बहुत ही प्रसिध्द है। यम की बहन यमुना में स्नान तथा तर्पण आदि करने सेविशेष फल की प्राप्ती होती है।