हाई कोर्ट का केंद्र को निर्देश- रूस के लिए लड़ने पर यूक्रेन द्वारा हिरासत में लिए गए भारतीय छात्र को वापस लाया जाए
भारतीय छात्र साहिल मजोठी की मां हसीना बेन समसुद्दीन भाई मजोठी ने याचिका दायर की है। मजोठी की मां ने याचिका दायर कर मांग की है कि साहिल को भारत में लाने के लिए दिशा-निर्देश जारी किए जाएं। सुनवाई के दौरान कोर्ट को बताया गया कि साहिल मजोठी को रूसी सेना ज्वाइन करने के लिए मजबूर किया गया। उसे एक झूठे ड्रग्स केस में जेल में जाने से बचाने का झांसा देकर रूसी सेना ज्वाइन करने के लिए मजबूर किया गया।
साहिल मजोठी की मां ने कहा है कि उसका भेजा जनवरी 2024 में रूस के सेंट पीटर्सबर्ग गया था ताकि वो रुसी साहित्य और संस्कृति की पढ़ाई कर सके। साहिल मजोठी ने रूस में एक कोरियर का काम किया था जहां उसे एक झूठे केस में फंसा दिया गया। उसे अप्रैल 2024 में गिरफ्तार कर लिया गया। उसकी गिरफ्तारी के बाद उसका अपने परिवार से संपर्क टूट गया।
कोर्ट ने कहा कि साहिल मजोठी को रूसी सेना ज्वाइन करने के लिए मजबूर किया गया, ऐसे में केंद्र सरकार उसे राजनयिक सहायता दे ताकि उसे भारत लाया जा सके। सुनवाई के दौरान केंद्र सरकार ने कहा कि साहिल मजोठी के यूक्रेन जाने के बाद उसने यूक्रेनी सेना के समक्ष सरेंडर किया। उसके बाद कोर्ट ने केंद्र सरकार को निर्देश दिया कि वो अधिकारी की नियुक्ति करे जो इस संबंध में यूक्रेनी सरकार से बात करे।

