Himachal Pradesh

हिमाचल के लाहौल स्पीति जिले में ड्रोन पहुंचाएगा चिट्ठियां

शिमला, 26 सितंबर । सर्दियों में भारी बर्फबारी के बाद जब हिमाचल प्रदेश के जनजातीय व दुर्गम जिला लाहौल-स्पीति की सड़कें बंद हो जाती हैं और कई इलाकों का संपर्क मुश्किल हो जाता है, तब डाक पहुंचाने के लिए अब आसमान का रास्ता इस्तेमाल किया जाएगा। कबायली जिला लाहौल-स्पीति में डाक विभाग ने सर्दियों के दौरान दूरदराज के शाखा डाकघरों तक डाक पहुंचाने के लिए ड्रोन सेवा शुरू करने की तैयारी पूरी कर ली है। इसी पहल के तहत केलांग से तांदी के चार शाखा डाकघरों तक ड्रोन के जरिए डाक पहुंचाने का सफल परीक्षण किया गया। ड्रोन ने करीब 6.2 किलोमीटर की हवाई दूरी महज 11 मिनट में पूरी की।

डाक विभाग की ओर से स्काई एयर मोबिलिटी के सहयोग से केलांग से तांदी तक ड्रोन के जरिए डाक भेजी गई। इस परीक्षण में तांदी क्षेत्र के चार शाखा डाकघरों के लिए डाक सामग्री पहुंचाई गई। विभाग के अधिकारियों के अनुसार सर्दियों में भारी बर्फबारी, कम तापमान और लंबे समय तक सड़कें बंद रहने से पारंपरिक माध्यम से चिट्ठियां, पार्सल और दूसरी डाक सामग्री पहुंचाना मुश्किल हो जाता है। ड्रोन सेवा से मौसम खराब होने पर सड़क संपर्क प्रभावित होने की स्थिति में डाक को अपेक्षाकृत कम समय में दूरदराज के इलाकों तक पहुंचाने में मदद मिलेगी।

तांदी डाकघर के अधिकारी अजीत कुमार ने बताया कि आने वाले समय में केलांग से संबंधित सभी शाखा डाकघरों तक डाक एक ही दिन में पहुंचाने की व्यवस्था विकसित की जाएगी। डाक विभाग ने सर्दियों के दौरान केलांग क्षेत्र की 11 दूरस्थ शाखाओं तक ड्रोन सेवा पहुंचाने की तैयारी की है। इसका उद्देश्य बर्फबारी के दौरान भी इन इलाकों के लोगों को नियमित डाक सेवा उपलब्ध कराना है। मंडी जिले में ड्रोन के सफल इस्तेमाल के बाद अब इस तकनीक का विस्तार लाहौल घाटी के कठिन भौगोलिक क्षेत्रों में किया जा रहा है।

स्काई एयर मोबिलिटी के संस्थापक और मुख्य कार्यकारी अधिकारी अंकित कुमार ने बताया कि लाहौल-स्पीति का कठिन भूगोल और सीमित पहुंच वाला क्षेत्र पारंपरिक डाक पहुंचाने के लिए चुनौतीपूर्ण है। केलांग लेखा कार्यालय से तांदी शाखा डाकघर तक ड्रोन सेवा शुरू होने से हवाई माध्यम से डाक पहुंचाने का लाभ क्षेत्र के लोगों को मिलेगा। उन्होंने बताया कि भारत डाक और स्काई एयर के बीच बड़े स्तर पर किए जा रहे सहयोग के तहत हिमाचल प्रदेश और असम में 150 डाक ड्रोन मार्ग सक्षम किए गए हैं। लाहौल क्षेत्र में तांदी के अलावा समदो, प्योकर, मूलिंग, मलंग, गेमूर, कोलोंग, कारदंग, जिस्पा और गोशाल समेत अन्य स्थानों पर भी ड्रोन डाक सेवा की योजना बनाई जा रही है। सफल परीक्षण को लाहौल-स्पीति में डाक सेवा के आधुनिकीकरण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है, जिससे बर्फबारी और कठिन भौगोलिक परिस्थितियों के बीच भी दूरदराज के लोगों तक जरूरी डाक सेवाएं पहुंचती रहेंगी।