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नेशंस लीग में बतौर कोच जिदान की पहली घरेलू जीत, फ्रांस ने बेल्जियम को 4-1 से हराया

पेरिस, 06 अक्टूबर । फ्रांस ने सोमवार को नेशंस लीग 2026-27 के ग्रुप ए1 मुकाबले में बेल्जियम को 4-1 से हराकर शानदार वापसी की। फ्रांस की यह जिदान के मुख्य कोच बनने के बाद घरेलू मैदान पर पहली जीत है। वहीं इटली ने तुर्किये को 3-1 से हराकर लगातार तीसरे मैच में अजेय रहने का सिलसिला जारी रखा।

स्टेड डी फ्रांस में बेल्जियम ने 35वें मिनट में डोडी लुकबाकियो के गोल से बढ़त हासिल कर ली थी। हालांकि, फ्रांस के स्थानापन्न खिलाड़ियों ने आखिरी 15 मिनट में मुकाबले का रुख पूरी तरह बदल दिया। डेसिरे डुए ने 77वें मिनट में बराबरी का गोल किया, जबकि चार मिनट बाद रयान शेरकी ने फ्रांस को बढ़त दिला दी। माइकल ओलिसे ने इसके बाद स्टॉपेज टाइम से ठीक पहले और फिर अतिरिक्त समय में गोल कर अपना दोहरा पूरा किया।

जिदान ने मैच के बाद कहा, “यही फुटबॉल है, यही वह चीज है जिसे हम पसंद करते हैं। मुश्किलें थीं, लेकिन यह खेल का हिस्सा है और इस तरह के मुकाबलों में ऐसा होता है। चीजों को सही करना अच्छा है और हमने असाधारण दूसरे हाफ के साथ ऐसा किया। पहले हाफ में हम अंतिम कुछ मीटर में कमी महसूस कर रहे थे, लेकिन फिर हमने मैच का रुख बदल दिया और यह अच्छा रहा।”

बेल्जियम को बढ़त तब मिली जब डोडी लुकबाकियो फ्रांस की आगे बढ़ी हुई रक्षापंक्ति को चकमा देकर रोमियो लाविया के लंबे पास तक पहुंचे और अपना पहला अंतरराष्ट्रीय मैच खेल रहे गोलकीपर गिलाउम रेस्टे को आमने-सामने की स्थिति में छकाकर गोल किया।

2018 विश्व कप विजेता फ्रांस, कप्तान किलियन एमबाप्पे के बिना खेलते हुए, गेंद पर नियंत्रण बनाए रखने में सफल रहा, लेकिन बेल्जियम की मजबूत रक्षापंक्ति के सामने मौके बनाने में नाकाम रहा। यह लगातार आठवां मैच था जिसमें फ्रांस ने पहले हाफ में कोई गोल नहीं किया।

मैच के 60वें मिनट में ओलिसे और शेरकी मैदान पर आए, जबकि डुए को 12 मिनट बाद उतारा गया। इसके बाद फ्रांस के हमलों में तेजी आई।

ओलिसे ने कहा, “हमने अंत में अच्छा खेला। पहले हाफ में उनकी निचली रक्षापंक्ति के खिलाफ मुश्किल थी। इसके बाद हम लगातार प्रयास करते रहे और अंत में अच्छा परिणाम मिला। यह टीम का प्रयास है। जिदान अपने विचार लेकर आते हैं और हम उनका अनुसरण करते हैं। हम इसी तरह आगे बढ़ते रहेंगे।”

बेल्जियम के गोलकीपर मार्टेन वांडेवोर्ड्ट ने ब्रैडली बारकोला, एस्तेबान लेपाउल, ओलिसे और शेरकी के प्रयासों को रोककर अपनी टीम को मुकाबले में बनाए रखा, लेकिन डुए के शॉट को रोक नहीं सके। पेरिस सेंट-जर्मेन के इस विंगर ने बॉक्स के किनारे से बाएं पैर से शानदार शॉट लगाकर स्कोर 1-1 कर दिया।

चार मिनट बाद ओलिसे ने शानदार प्रदर्शन की शुरुआत की। उन्होंने शेरकी के लिए क्रॉस दिया, जिस पर शेरकी ने गोल कर फ्रांस को बढ़त दिलाई। इसके बाद ओलिसे ने तीन मिनट के भीतर करीब से दो गोल कर फ्रांस की जीत को शानदार बना दिया।

दूसरे मुकाबले में इटली ने तुर्किये को 3-1 से हराया। इटली की ओर से जियानलुका स्कामाका, रिकार्डो कालाफियोरी और पियो एस्पोसितो ने गोल किए। तुर्किये के लिए अराल सिमशिर ने एक गोल किया।

स्कामाका ने करीब से वॉली लगाकर इटली को बढ़त दिलाई। उनका शॉट क्रॉसबार से टकराकर गोल में गया। इसके बाद तुर्किये ने शानदार टीम मूव के जरिए बराबरी की। सिमशिर ने गोलपोस्ट के दूर वाले हिस्से से गेंद को जाल में पहुंचाया।

हालांकि, तीन मिनट बाद निकोलो बारेका के फ्री-किक पर कालाफियोरी ने हेडर से गोल कर इटली को फिर बढ़त दिला दी। इसके बाद एस्पोसितो ने इटली का तीसरा गोल किया। तुर्किये की ओर से इस्सा डोम्बिया और इटली के एलेसांद्रो रोमानो अपने-अपने मौके को गोल में नहीं बदल सके।

इटली के कोच रॉबर्टो मैनचिनी ने कहा, “भले ही हमने काफी बदलाव किए थे, लेकिन हर तरफ थकान थी और हमें थोड़ी परेशानी हुई। लेकिन हमने गोल करने में अच्छा काम किया और उनके बराबरी करने के तुरंत बाद फिर गोल करना भी हमारे लिए अच्छा रहा।”

इस जीत के बाद फ्रांस 10 अंकों के साथ ग्रुप में शीर्ष पर है। इटली के सात अंक हैं और वह दूसरे स्थान पर है, जबकि बेल्जियम छह अंकों के साथ तीसरे स्थान पर है। तुर्किये चारों मैच हारकर सबसे नीचे है।