सोनीपत में पटाखों पर प्रतिबंध, केवल ग्रीन पटाखों की अनुमति
प्रदूषण नियंत्रण और जनस्वास्थ्य सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए जिलाधीश सुशील सारवान
ने दिवाली त्यौहार पर पटाखों के निर्माण, बिक्री, भंडारण, ऑनलाइन बिक्री और उपयोग पर
पूर्ण प्रतिबंध लगाने के आदेश जारी किए हैं। आदेश भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता,
2023 की धारा 163 के तहत जारी किए गए हैं। जिलाधीश ने बताया कि केवल हरित (ग्रीन) पटाखों
के सीमित उपयोग की ही अनुमति दी गई है।
उन्होंने
कहा कि यह निर्णय सर्वोच्च न्यायालय के निर्देशों, पर्यावरण सुरक्षा और जनस्वास्थ्य
को ध्यान में रखते हुए लिया गया है। बढ़ता वायु प्रदूषण विशेष रूप से बच्चों, बुजुर्गों
और श्वसन या हृदय रोग से पीड़ित लोगों के लिए गंभीर खतरा है। जिलाधीश ने नागरिकों से
अपील की कि वे ग्रीन दिवाली–स्वच्छ दिवाली का संकल्प लें और पर्यावरण
संरक्षण में सहयोग दें।
जिलाधीश
ने बताया कि केवल राष्ट्रीय पर्यावरण अभियांत्रिकी अनुसंधान संस्थान (एनईईआरआई) द्वारा
प्रमाणित और उद्योग संवर्धन तथा आंतरिक व्यापार विभाग के पेट्रोलियम एवं विस्फोटक सुरक्षा
संगठन (पीईएसओ) से लाइसेंस प्राप्त ग्रीन पटाखों का ही प्रयोग किया जा सकेगा।
इन पटाखों
को दिवाली से एक दिन पहले और दिवाली के दिन सुबह 6 से 7 बजे तथा शाम 8 से 10 बजे तक
ही चलाने की अनुमति होगी। ग्रीन पटाखों की बिक्री केवल 18 से 20 अक्तूबर तक अधिकृत
स्थलों पर ही की जा सकेगी।
जिलाधीश
ने कहा कि ऑनलाइन माध्यमों (जैसे फ्लिपकार्ट, अमेज़ोन आदि) से किसी भी प्रकार के पटाखों
की बिक्री या ऑर्डर प्रतिबंधित रहेगा। साथ ही एनसीआर क्षेत्र के बाहर से पटाखे लाने
की अनुमति नहीं होगी।
उन्होंने
बताया कि आदेशों की अवहेलना करने वालों के विरुद्ध पर्यावरण संरक्षण अधिनियम,
1986, विस्फोटक अधिनियम, 1884, तथा भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता, 2023 के तहत सख्त
कार्रवाई की जाएगी। संबंधित विभागों को छापेमारी कर अवैध बिक्री रोकने और प्रतिदिन
की रिपोर्ट उपायुक्त कार्यालय भेजने के निर्देश दिए गए हैं।

