मैं जिंदा हूं की तख्ती लटकाए तीनों मृतकों की पेंशन हुई बहाल
सिकरारा क्षेत्र के पचोखर गांव निवासी ये तीनों मृतक गले में तख्ती लटकाए हुए थे और उस पर लिखा था साहब मैं जिंदा हूँ। तीनों मृतकों ने जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपा और न्याय की मांग किया।
जिलाधिकारी के समक्ष जनसुनवाई के दौरान सिकरारा निवासी कृपाशंकर त्रिपाठी, मंगरू, और महंगू “मैं जिंदा हूं” की तख्ती गले में लटकाए हुए पहुंचें और जिलाधिकारी को बताया कि अभिलेखों में उनको गलत तरीके से मृतक घोषित करते हुए उनके वृद्धावस्था पेंशन पर रोक लगा दी गई है। जिस पर जिलाधिकारी ने मामले को संज्ञान लेते हुए समाज कल्याण अधिकारी और संबंधित खंड विकास अधिकारी को मौके पर जाकर खुली पंचायत करते हुए सत्यापन करने के निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने उक्त तीनों फरियादियों को शासकीय वाहन से उनके घर भी भेजा।
मंगलवार की शाम जिलाधिकारी डा. दिनेश चंद्र ने मंगरू और महंगू को अंगवस्त्रम देेकर सम्मानित किया और जिलाधिकारी ने कहा कि सितम्बर माह से आपको पेंशन मिलने लगेगी । इस प्रकरण में जो भी उत्तरदायी है उनको नोटिस देने के निर्देश दिए।

