Himachal Pradesh

भाजपा ने पंचायत-निकाय चुनाव के लिए बनाई रणनीति, सरकार के वादों और व्यवस्था पर उठाए सवाल

शिमला, 03 मई । हिमाचल प्रदेश में होने वाले पंचायत और शहरी निकाय चुनावों से पहले भाजपा ने अपनी चुनावी रणनीति को धार देना शुरू कर दिया है। इसी कड़ी में रविवार को शिमला के चक्कर स्थित पार्टी कार्यालय दीप कमल में भाजपा पंचायतीराज एवं नगर निकाय चुनाव प्रबंधन समिति की एक अहम बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष और विधायक विपिन परमार ने की, जिसमें कई वरिष्ठ नेता मौजूद रहे।

बैठक में आने वाले नगर निगम और अन्य शहरी निकाय चुनावों को लेकर विस्तृत चर्चा की गई। पार्टी नेताओं ने संगठन को मजबूत करते हुए चुनाव मैदान में उतरने की रणनीति बनाई। इसके साथ ही जिला परिषद चुनावों में भाजपा की भागीदारी को और प्रभावी बनाने के लिए मंडल और जिला स्तर से मिले सुझावों पर भी विचार किया गया।

बैठक के बाद मीडिया से बातचीत में विपिन परमार ने प्रदेश की कांग्रेस सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि राज्य में सरकार के खिलाफ लोगों में गहरा असंतोष है और जनता अब जवाब देने के मूड में है। उनके मुताबिक यह चुनाव अगले विधानसभा चुनाव से पहले सेमीफाइनल की तरह हैं, जिसमें कांग्रेस को जनता का रुख साफ नजर आ जाएगा।

महिलाओं से जुड़े मुद्दे पर भी भाजपा ने सरकार को घेरा। विपिन परमार ने कहा कि कांग्रेस ने प्रदेश की महिलाओं को हर महीने 1500 रुपये देने का वादा किया था, लेकिन अब तक यह वादा पूरा नहीं हुआ। उन्होंने आरोप लगाया कि लंबे समय बीत जाने के बाद भी किसी महिला को यह राशि नहीं मिली, जिससे लोगों में नाराजगी है। उनके अनुसार इस वादे को पूरा न करने से सरकार की नीयत पर सवाल उठते हैं।

भाजपा नेता ने स्वास्थ्य व्यवस्था को लेकर भी सरकार की आलोचना की। उन्होंने रामपुर के खनेरी स्थित नर्सिंग संस्थान के हालिया मामले का जिक्र करते हुए कहा कि वहां दो छात्राओं के टीबी से संक्रमित होने और अन्य छात्राओं को एहतियातन दवा देने की घटना चिंताजनक है। उनके मुताबिक यह मामला स्वास्थ्य संस्थानों की स्थिति और सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़ा करता है।

उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि संस्थान में लंबे समय से कई तरह की अनियमितताएं चल रही हैं, जैसे मेस का टेंडर न होना और भोजन की गुणवत्ता को लेकर शिकायतें। उन्होंने कहा कि अभिभावकों और छात्रों के विरोध से यह साफ है कि लोग अब ऐसी स्थितियों से परेशान हैं।

विपिन परमार ने कहा कि स्वास्थ्य और शिक्षा जैसे अहम क्षेत्रों में लापरवाही सामने आना सरकार की जवाबदेही को दर्शाता है। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस सरकार हर मोर्चे पर विफल रही है, चाहे वह महिलाओं से किए गए वादे हों, किसानों के मुद्दे हों या स्वास्थ्य सेवाएं।