Delhi

स्टॉक मार्केट में टोंबो इमेजिंग इंडिया की मजबूत शुरुआत, मुनाफे में आईपीओ निवेशक

नई दिल्ली, 23 अक्टूबर । एडवांस्ड इलेक्ट्रो-ऑप्टिक, इन्फ्रारेड और सर्विलांस सिस्टम डिजाइन और निर्माण करने वाली कंपनी टोंबो इमेजिंग इंडिया लिमिटेड के शेयरों ने शुक्रवार को स्टॉक मार्केट में शानदार शुरुआत कर अपने आईपीओ निवेशकों को गदगद कर दिया। आईपीओ के तहत कंपनी के शेयर 700 रुपये के भाव पर जारी किए गए थे। आज बीएसई पर इसकी लिस्टिंग 66 प्रतिशत के बंपर प्रीमियम के साथ 1,162 रुपये के स्तर पर और एनएसई पर इसकी लिस्टिंग 65.71 प्रतिशत के भारी प्रीमियम के साथ 1,160 रुपये के स्तर पर हुई।

लिस्टिंग के बाद निवेशकों की ताबड़तोड़ लिवाली के सपोर्ट से यह शेयर कुछ ही देर में उछल कर 1,211 रुपये के स्तर तक पहुंच गया। हालांकि इसके बाद बाजार में हुई मुनाफावसूली के कारण यह 1,050 रुपये के निचले स्तर तक भी आया। बाजार में लगातार जारी खरीद-बिक्री के बीच सुबह 11:45 बजे तक का कारोबार होने के बाद यह शेयर 1,064.05 रुपये के स्तर पर कारोबार कर रहा था। इस तरह अभी तक के कारोबार में कंपनी के आईपीओ निवेशकों को प्रति शेयर 364.05 रुपये यानी 52.01 प्रतिशत का सीधा और तगड़ा फायदा हो चुका है।

इस कंपनी का 852.09 करोड़ रुपये का आईपीओ 15 से 19 अक्टूबर के बीच सब्सक्रिप्शन के लिए खुला था। इस आईपीओ को निवेशकों की ओर से जबरदस्त रिस्पॉन्स मिला था, जिसके कारण यह ओवरऑल 94.81 गुना सब्सक्राइब हुआ था। इनमें क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (क्यूआईबी) के लिए रिजर्व पोर्शन 293.11 गुना (एक्स एंकर) सब्सक्राइब हुआ था। इसी तरह नॉन-इंस्टीट्यूशनल इन्वेस्टर्स (एनआईआई) के लिए रिजर्व पोर्शन में 169.55 गुना सब्सक्रिप्शन आया था। इसके अलावा रिटेल इन्वेस्टर्स के लिए रिजर्व पोर्शन में 29.99 गुना और एंप्लॉयीज के लिए रिजर्व पोर्शन में 2.92 प्रतिशत सब्सक्रिप्शन आया था।

इस आईपीओ के तहत दो रुपये फेस वैल्यू वाले कुल 1,21,74,046 शेयर जारी किए गए हैं। यह पूरा आईपीओ 100 प्रतिशत ऑफर फॉर सेल (ओएफएस) विंडो के जरिये लाया गया था। मतलब इसमें कोई भी नया शेयर जारी नहीं किया गया है। आईपीओ से जुटाई गई पूरी 852.09 करोड़ रुपये की राशि बेचने वाले शेयर होल्डर्स और प्रमोटर्स के पास जाएगी।

टोंबो इमेजिंग इंडिया लिमिटेड की वित्तीय स्थिति की बात करें तो कैपिटल मार्केट रेगुलेटर सेबी के पास जमा कराए गए दस्तावेजों के मुताबिक कंपनी की वित्तीय सेहत में पिछले वित्त वर्षों के दौरान उतार-चढ़ाव देखा गया है। वित्त वर्ष 2023-24 में कंपनी को 68.54 करोड़ रुपये का शुद्ध लाभ (प्रॉफिट आफ्टर टैक्स) हुआ था, जो अगले वित्त वर्ष 2024-25 में बढ़ कर 72.76 करोड़ रुपये के स्तर पर पहुंच गया। वहीं पिछले वित्त वर्ष 2025-26 में कंपनी का शुद्ध लाभ गिर कर 50.88 करोड़ रुपये के स्तर पर आ गया। इसके अलावा मौजूदा वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही यानी 30 जून 2026 तक कंपनी को 17.74 करोड़ रुपये का शुद्ध घाटा उठाना पड़ा है।

इस दौरान कंपनी की राजस्व प्राप्ति में भी कमी दर्ज की गई है। वित्त वर्ष 2023-24 में कंपनी को 431.90 करोड़ रुपये का कुल राजस्व प्राप्त हुआ था, जो वित्त वर्ष 2024-25 में बढ़कर 474.39 करोड़ रुपये के स्तर पर पहुंच गया। वहीं पिछले वित्त वर्ष 2025-26 में कंपनी की कुल राजस्व प्राप्ति में गिरावट आई, जिससे यह घटकर 369.94 करोड़ रुपये के स्तर पर रह गई। मौजूदा वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही यानी 30 जून 2026 तक कंपनी को 37.32 करोड़ रुपये का कुल राजस्व प्राप्त हो चुका था।

इस अवधि में कंपनी पर लदे कर्ज के बोझ में बढ़ोतरी देखने को मिली है। वित्त वर्ष 2023-24 के अंत में कंपनी पर कुल 96.36 करोड़ रुपये का कर्ज था, जो अगले वित्त वर्ष 2024-25 में घटकर 78.14 करोड़ रुपये रह गया। हालांकि पिछले वित्त वर्ष 2025-26 के दौरान कंपनी पर लदे कर्ज का बोझ बढ़कर 116.06 करोड़ रुपये के स्तर पर पहुंच गया। वहीं मौजूदा वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही यानी 30 जून 2026 तक कंपनी पर कुल कर्ज बढ़कर 129.72 करोड़ रुपये हो चुका था।

कंपनी की कुल संपत्ति में इस दौरान सुधार देखा गया है। वित्त वर्ष 2023-24 के अंत में टोंबो इमेजिंग लिमिटेड की कुल संपत्ति 574.68 करोड़ रुपये के स्तर पर थी, जो वित्त वर्ष 2024-25 में बढ़कर 726.36 करोड़ रुपये हो गई। पिछले वित्त वर्ष 2025-26 में कंपनी की कुल संपत्ति बढ़कर 782.50 करोड़ रुपये के स्तर पर पहुंच गई। मौजूदा वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही के अंत (30 जून 2026) में कंपनी की कुल संपत्ति 782.87 करोड़ रुपये दर्ज की गई।

रिजर्व और सरप्लस की बात करें तो कंपनी ने इस मोर्चे पर लगातार बढ़ोतरी दर्ज की है। वित्त वर्ष 2023-24 के अंत में कंपनी का रिजर्व और सरप्लस 168.99 करोड़ रुपये के स्तर पर था, जो अगले वित्त वर्ष 2024-25 में भारी उछाल के साथ 489.41 करोड़ रुपये हो गया। वहीं वित्त वर्ष 2025-26 के अंत में कंपनी का रिजर्व और सरप्लस बढ़कर 541.70 करोड़ रुपये के स्तर पर पहुंच गया। हालांकि मौजूदा वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही यानी 30 जून 2026 तक यह हल्का सा घटकर 527.08 करोड़ रुपये दर्ज किया गया।

इस अवधि में कंपनी के नेटवर्थ में भी सुधार हुआ है। वित्त वर्ष 2023-24 में कंपनी का नेटवर्थ 230.13 करोड़ रुपये के स्तर पर था, जो वित्त वर्ष 2024-25 में बढ़कर 490.14 करोड़ रुपये हो गया। वहीं पिछले वित्त वर्ष 2025-26 में कंपनी का नेटवर्थ बढ़कर 553.16 करोड़ रुपये के स्तर पर पहुंच गया। मौजूदा वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही के अंत (30 जून 2026) में कंपनी का नेटवर्थ 538.54 करोड़ रुपये दर्ज किया गया।

इसी तरह कंपनी के ईबीआईटीडीए (अर्निंग बिफोर इंट्रेस्ट, टैक्सेज, डिप्रेशिएशंस एंड एमॉर्टाइजेशन) में भी उतार-चढ़ाव देखने को मिला। वित्त वर्ष 2023-24 में कंपनी का ईबीआईटीडीए 112.32 करोड़ रुपये के स्तर पर था, जो वित्त वर्ष 2024-25 में बढ़कर 139.06 करोड़ रुपये हो गया। पिछले वित्त वर्ष 2025-26 में कंपनी का ईबीआईटीडीए घटकर 104.62 करोड़ रुपये के स्तर पर आ गया। मौजूदा वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही यानी 30 जून 2026 तक कंपनी का ईबीआईटीडीए निगेटिव में (नुकसान के रूप में)13.04 करोड़ रुपये दर्ज किया गया है।