Uttarakhand

नेपाली मजदूरों का डेरा बना पीएचसी बूरा

पूर्व क्षेत्र पंचायत सदस्य वीरेंद्रश शाह व सामाजिक कार्यकर्ता विक्रम प्रसाद का कहना है कि विकट भौगोलिक परिस्थिति वाले बूरा क्षेत्रवासियों के स्वास्थ्य सुविधाओं को ध्यान में रखते हुए बूरा में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र खोला गया है। लेकिन स्टाफ की तैनाती न होने के कारण यह ग्रामीणों के लिए सफेद हाथी साबित हो रहा है। यहां पर स्टाफ न होने के कारण प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र का भवन भी जर्जर हालात में पहुंच गया है। देखरेख न होने के चलते अब यहां पर नेपाली मजदूरों ने अपना आशियाना बनाया हुआ है। उन्होंने कहा कि इसकी शिकायत कई बार विभागीय उच्चाधिकारियों से की गई लेकिन कोई सुनवाई नहीं हो रही है।

ग्रामीणों को भी इस प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र का कोई लाभ नहीं मिल पा रहा है। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग से बूरा प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में पर्याप्त स्टाफ तैनात किए जाने की मांग की है।

इधर, सीएमओ चमोली डा. अभिषेक गुप्ता का कहना है कि चिकित्सकों की कमी को देखते हुए निदेशालय को पत्र भेजा गया है। चिकित्सक आने पर बूरा में चिकित्सक की तैनाती की जाएगी।