आगरा में पेशी पर आए विचाराधीन बंदी की मौत
आगरा , 08 सितंबर । उत्तर प्रदेश के आगरा जिले में मंगलवार को जिला कारागार से पेशी पर पर लाये गये विचाराधीन बंदी की दीवानी न्यायालय परिसर स्थित हवालात में अचानक तबीयत बिगड़ने पर अस्पताल ले जाया गया, जहां उसे मृत घोषित कर दिया गया। पुलिस ने शव काे पाेस्टमार्टम भेजकर मृत्यु के कारणों की जांच शुरू कर दी है।
डीसीपी सिटी सैयद अली अब्बास ने बताया कि मंगलवार को जिला कारागार में निरुद्ध विचाराधीन बंदी सेक्टर 15 आवास विकास निवासी जिमी चौधरी (45) को और बंदियाें के साथ जिला जेल से बंदी वाहन में अदालत में पेशी के लिए दीवानी न्यायालय लाया गया था। कुछ देर हवालात में अपनी बारी का इंतजार करने के बाद, जिम्मी चौधरी ने अपनी तबीयत बिगड़ने और बेचैनी की शिकायत की। इस पर पुलिस कर्मियाें ने उसे आनन फ़ानन में एंबुलेंस से जिला अस्पताल पहुंचाया, जहां डाॅक्टराें ने बंदी जिम्मी चौधरी को मृत घोषित कर दिया।
उल्लेखनीय है कि साल 2019 में ताजगंज क्षेत्र में फायरिंग कर दहशत फैलाने के मामले में जिमी को गिरफ्तार किया गया था। जिम्मी थाना सिकंदरा का हिस्ट्री सीटर था और लूट, मारपीट, दबंगई फायरिंग आदि के कई मामलों में उसका नाम था। वर्ष 2023 में भी इसका नाम थाना क्षेत्र सिकंदरा की आवास विकास कॉलोनी सेक्टर 11 में दुकान पर फायरिंग, मारपीट और दबंगई के मामले में चर्चा में आया था। इसके बाद उसके खिलाफ अभियोग पंजीकृत किया गया था। विगत 21 जून को भी महिला अधिवक्ता संगीता राठौर के भाई गौरव राठौर पर सुपारी लेकर जानलेवा हमले के मामले में भी जिमी चौधरी का नाम चर्चा में आ चुका है। जिमी चौधरी की मौत के मामले में पुलिस ने फॉरेंसिक टीम के साथ दीवानी हवालात का निरीक्षण कर मृत्यु के कारणों की जांच की जा रही है।
डीसीपी सिटी सैयद अली अब्बास ने बताया कि मृतक के परिजनों को सूचना दे दी गई है। मृत्यु के वास्तविक कारण की जानकारी पोस्टमार्टम के बाद ही मिल पाएगी। मामले में विधिक कार्रवाई की जा रही है।

