हिसार : जीजेयू में शोधार्थियों का अनिश्चितकालीन धरना जारी, प्रशासन से दूसरी वार्ता भी विफल
से विश्वविद्यालय प्रशासन के संज्ञान में हैं। कई बार बातचीत और आश्वासन मिलने के बावजूद
धरातल पर कोई ठोस समाधान नहीं हुआ। वे किसी टकराव के पक्ष में नहीं हैं, लेकिन अपने
प्रशासन की ओर से गुरुवार सुबह 10 बजे दोबारा बैठक बुलाने की बात कही गई है। शोधार्थियों
ने स्पष्ट किया कि अब केवल आश्वासन या मौखिक भरोसा स्वीकार नहीं किया जाएगा। प्रत्येक
दिनों से वे शांतिपूर्ण तरीके से अपनी मांगों को लेकर धरना दे रहे हैं। इसके बावजूद
यदि प्रशासन उनकी समस्याओं को गंभीरता से नहीं लेता है तो आंदोलन को और मजबूती के साथ
आगे बढ़ाया जाएगा। शोधार्थियों ने कहा कि तीन दिन से धरना, दो बार वार्ता और फिर भी
समाधान नहीं होना विश्वविद्यालय प्रशासन की गंभीरता पर सवाल खड़े करता है। शोधार्थियों
ने कहा कि गुरुवार सुबह 10 बजे होने वाली बैठक को वे सकारात्मक उम्मीद के साथ देख रहे
हैं, लेकिन यदि फिर से केवल आश्वासन देकर मामले को टालने का प्रयास किया गया तो उन्हें
कि यह आंदोलन किसी व्यक्ति विशेष के खिलाफ नहीं है, बल्कि शोधार्थियों के अधिकार, सम्मान,
आर्थिक सुरक्षा और बेहतर शोध वातावरण के लिए है। उन्होंने कहा कि वे लोकतांत्रिक और
शांतिपूर्ण तरीके से अपनी आवाज उठा रहे हैं और प्रशासन से भी उम्मीद है कि वह संवेदनशीलता
दिखाते हुए उनकी जायज मांगों पर सकारात्मक निर्णय लेगा। शोधार्थियों ने दोहराया कि
गुरुवार सुबह होने वाली बैठक में उन्हें केवल आश्वासन नहीं, बल्कि मांगों पर ठोस और


