विद्यार्थियों को दी 112 हेल्पलाइन की जानकारी, चिट्टा तस्करी की सूचना देने के लिए भी किया जागरूक
शिमला, 10 अक्टूबर । हिमाचल प्रदेश में आपातकालीन सेवाओं की जानकारी लोगों तक पहुंचाने के लिए ईआरएसएस-112 की पांच सदस्यीय टीम ने शनिवार को चैपसली स्कूल शिमला में जागरूकता शिविर लगाया। स्कूल प्रशासन के निमंत्रण पर आयोजित प्रदर्शनी में टीम ने जागरूकता स्टॉल लगाकर विद्यार्थियों, अभिभावकों, शिक्षकों और अन्य आगंतुकों को 112 हेल्पलाइन की सुविधाओं के बारे में बताया। लोगों को समझाया गया कि पुलिस, अग्निशमन, महिला सुरक्षा, बाल सहायता और चिकित्सा आपातस्थिति में इस सेवा का उपयोग कैसे किया जा सकता है। चिट्टा और अन्य नशीले पदार्थों से जुड़ी गतिविधियों की सूचना देने के लिए भी 112 हेल्पलाइन के इस्तेमाल की जानकारी दी गई।
टीम ने बताया कि ईआरएसएस-112 के माध्यम से पुलिस, अग्निशमन, चाइल्ड हेल्पलाइन, महिला हेल्पलाइन, भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) हेल्पलाइन और चिकित्सा आपातकालीन सेवाओं से जुड़ी सहायता उपलब्ध कराने की व्यवस्था है। इस दौरान 112 इंडिया ऐप के ‘ट्रैकमी’ फीचर की जानकारी भी दी गई। इस सुविधा के बारे में बताया गया कि इसका इस्तेमाल जरूरत के समय सुरक्षा और सहायता से जुड़ी जानकारी उपलब्ध कराने के लिए किया जा सकता है।
जागरूकता कार्यक्रम को विद्यार्थियों, अभिभावकों, शिक्षकों और स्कूल प्रशासन से सकारात्मक प्रतिक्रिया मिली। कई लोगों ने कहा कि उन्हें पहले 112 की एकीकृत सेवाओं और इससे जुड़ी विभिन्न सुविधाओं की पूरी जानकारी नहीं थी। उपस्थित लोगों ने महिलाओं की सुरक्षा और सार्वजनिक सुरक्षा के लिहाज से इस पहल को उपयोगी बताया। इसी तरह पैराडाइज स्कूल के प्रतिनिधियों ने भी अपने संस्थान में इसी तरह के जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करने में रुचि दिखाई।


